उत्तराधिकार, खरीद या अन्य वैध हस्तांतरण के बाद भूमि अभिलेखों में नाम दर्ज कराने की प्रक्रिया को दाखिल-खारिज कहा जाता है। केवल ऑनलाइन अभिलेख देखने से यह प्रक्रिया पूरी नहीं होती। अपने मामले के लिए लेखपाल और संबंधित तहसील से जानकारी लें।
दस्तावेज़ों की तैयारी
मामले के अनुसार पहचान पत्र, भूमि अभिलेख, रजिस्ट्री की प्रति या उत्तराधिकार से जुड़े दस्तावेज़ माँगे जा सकते हैं। बँटवारे या विवाद वाले मामलों में आवश्यक कागज़ अलग हो सकते हैं।
आवेदन से पहले तहसील से दस्तावेज़ों की पूरी सूची, निर्धारित शुल्क और सही आवेदन प्रक्रिया पूछें।
किन बातों का ध्यान रखें
- खसरा और खाता संख्या का मौजूदा अभिलेखों से मिलान करें।
- आवेदन की रसीद और संदर्भ संख्या सुरक्षित रखें।
- कार्यालय से मिलने वाली सूचना और आपत्ति संबंधी निर्देश ध्यान से पढ़ें।
- प्रक्रिया पूरी होने पर अद्यतन अभिलेख जाँचें।
यह सामान्य जानकारी है। स्वामित्व या उत्तराधिकार का विवाद हो तो संबंधित राजस्व अधिकारी या योग्य कानूनी सलाहकार से संपर्क करें।